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बेतहाशा वृद्धि के खिलाफ आंदोलन कर रहे है जेएनयू के छात्र

बेतहाशा वृद्धि के खिलाफ आंदोलन कर रहे है जेएनयू के छात्र


बेतहाशा वृद्धि के खिलाफ आंदोलन कर रहे है जेएनयू के छात्र


         बेतहाशा वृद्धि के खिलाफ आंदोलन कर रहे हैं जेएनयू के छात्रों पर बर्बर पुलिस लाठीचार्ज के खिलाफ तथा छात्रों के न्यायसंगत आंदोलन के समर्थन में प्रेस बयान जारी करते हुए ऑल इंडिया डीएसओ के बिहार राज्य सचिव विजय कुमार ने कहा किकि जे.एन.यू. प्रशासन ने छात्रावास के कमरे के किराए को 30 गुना बढ़ाकर 240 रुपए प्रति वर्ष से 7200 रुपए कर दिया है। सिक्योरिटी मनी को 5500 रु. से बढ़ाकर 12000 रू. कर दिया गया है। यहां तक कि पानी और बिजली शुल्क अलग से लेने की शुरूआत कर दी गई है।  यहीं नहीं 20,400 प्रति वर्ष स्वच्छता, कुक के लिए सेवा शुल्क एवं मेस हेल्पर आदि के रूप में लिया जाएगा। जिसके परिणामस्वरूप अधिकांश छात्रों को अपना छात्रावास छोड़ने के लिए मजबूर होंगें और फलस्वरूप अपना अध्ययन छोड़ना पड़ सकता है। इसके अलावा, छात्र निकायों के साथ किसी भी परामर्श के बिना हॉस्टल मैनुअल संशोधित किया गया है। इसलिए, पिछले कुछ हफ्तों से इन अलोकतांत्रिक और छात्र विरोधी नीतियों का जेएनयू के छात्र विरोध कर रहे हैं। लेकिन जेएनयू के कुलपति आंदोलनकारी छात्रों से इन मांगों पर कोई वार्ता नहीं किये। इसके अलावा, प्रशासन छात्रों के आंदोलन को बदनाम करने के लिए शैक्षणिक वाावरण को खराब करने का दोष हजारों छात्रों पर मढ़ने का प्रयास किया। इस हालत में, जेएनयू के छात्रों ने दीक्षांत समारोह का बहिष्कार किया और विरोध प्रदर्शन किया। प्रशासन ने  छात्रों के साथ सहानुभूति पूर्वक बातचीत करने के बजाय दमनकारी उपायों का सहारा लिया। उन्होंने आगे कहा कि हमारा संगठन एआईडीएसओ जेएनयू के छात्रों पर पुलिस के अत्याचारों की निंदा करता है और दोषी पुलिसकर्मियों को उदहरणमुलक सजा देने, हॉस्टल फीस को तुरंत वापस लेने और हॉस्टल मैनुअल की समीक्षा करने तथा जनवादी छात्र आंदोलन में पुलिस हस्तक्षेप बंद करने की मांग करता है। साथ ही साथ उन्होंने छात्रों, शिक्षकों और शिक्षाप्रेमी लोगों से शिक्षा के निजीकरण-व्यापारीकरण करने के घृणित साजिश के तहत की जा रही बेतहाशा फीस वृद्धि के खिलाफ देशभर में खासकर जेएनयू के समर्थन में आंदोलन तेज करने का आह्वान किया।