Headlines
Loading...
पूर्व डी जी पी अभयानंद ने किसानों और बच्चों को दिये टिप्स

पूर्व डी जी पी अभयानंद ने किसानों और बच्चों को दिये टिप्स




नौकरी से अवकाश के बाद जहाँ व्यक्ति या अधिकारी सुख चैन की जिंदगी बिताना पसन्द करते हैं वहीं कुछ ऐसे भी व्यक्ति होते हैं जो समाज के लिये आदर्श बन जाते हैं। वे उसी प्रकार सतत क्रियाशील रहते हैं मानो उन्हें अवकाश मिला ही ना हो और वे अपना जीवन समाज के उत्थान के लिये समर्पित कर देते हैं।ऐसा ही व्यक्तित्व है बिहार के पूर्व पुलिस महानिदेशक श्री अभयानंद जी का।जो अवकाश प्राप्त होने से पहले और उसके बाद भी बिहार के प्रतिभाओं को तो तराशने का काम तो कर ही रहे हैं साथ ही गाँव गरीब किसानों के बीच जाकर भी उनके जीवन को  बेहतर बनाने के प्रयास में लगे हुये हैं। इसी क्रम में आज मोकामा में एक संगोष्ठी के माध्यम से श्री अभयानंद ने किसानों को जैविक खेती के टिप्स तो दिये ही साथ ही स्थानीय विद्यार्थियों से मिलकर भी उन्हें बेहतर पढ़ाई और करियर के मंत्र दिये।मोकामा के मोलदियार टोला में आयोजित सभा मे उन्होंने दर्जनों बच्चों और सैकड़ों किसानों को बेहतर पढ़ाई और जैविक कृषि के मंत्र दिये। 

किसान प्रणव शेखर शाही ने बताया कि पूर्व डी जी पी ने बताया कि खेती से कैसे सुधर सकता है स्वास्थ , और इस पर दिल खोल कर रख दिया। लोगों की बिगड़ती जीवन शैली ,गिरता स्वास्थ सबकी जड़ में है कीटनाशक पर निर्भर होती खेती। जितना कीटनाशक किसान इस्तेमाल कर रहे हैं उतने ही लोग उस अनाज को खाकर बीमार हो रहे हैं।उन्होंने किसानों को ऑर्गेनिक खेती की विधि बताई। उन्होंने कहा कि किसानों को फसल चक्र की पद्धति अपना कर हर साल अलग अलग अनाजों की खेती करनी चाहिए।कृषि के लिए ट्रैक्टर की जगह बैलों को तरजीह देने की भी बात कही। उन्होंने कहा कि अगर लोग सिर्फ गाय ही पालेंगे और बैलों के बजाय  कृत्रिम गर्भाधान से गाय के बच्चे पैदा करेंगे तो प्रकृति के साथ अन्याय करेंगें ।आज मोकामा के मोलदियार टोला के सामुदायिक भवन में किसान संगोष्टी सम्प्पन हुई ।कार्यक्रम की अध्यक्षता श्री मोती बाबू ने की जबकि मंच संचालन आनंद मुरारी जी ने की।अभयानंद सर ने किसानों से खूब सवाल पूछे , उन्होंने कुछ समाधान भी बताया। बच्चों संग भी खूब पढ़ाई की बाते हुईं।जाते जाते उन्होंने बच्चों को पुरुस्कृत किया आशीर्वाद दिया। श्याम जी, कृष्ण कन्हैया जी , मोती बाबू ने भी किसानों से संवाद किया। कार्यक्रम में आनंद मुरारी जी,उदय जी, मनोज मोल्दियार ,डॉ सुधांशु शेखर,टुनटुन सिंह,आलोक जी,प्रणव शेखर शाही,सौरव ,चंदन , गोपेश , शानू, तेजस्वनी कुमारी,विपिन कुमार ,विजय , उमेश , बबन जी सहित सेकड़ो ग्रामीण उपस्तिथ हुए।
(पटना ग्रामीण से रवि शंकर शर्मा की रिपोर्ट)